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ShodhPatra: International Journal of Science and Humanities

ShodhPatra: International Journal of Science and Humanities

A Peer-Reviewed & Refereed International Multidisciplinary Monthly Journal

Call For Papers - Volume 3, Issue 9 (September 2026)
Paper Title

मासिक धर्म संबंधी जागरूकता एवं पारंपरिक मान्यताएँ: विद्यालय जाने वाली किशोरियों का एक अध्ययन

Author(s)सपना आर्या, प्रो. प्रियंका नीरज रुवाली.
CountryIndia
Abstract

मासिक धर्म एक जैविकीय प्रक्रिया है, जो किशोरियों में किशोरावस्था के दौरान होने वाले शारीरिक परिवर्तनों में सबसे महत्वपूर्ण परिवर्तन है, फिर भी भारतीय समाज में इसे अशुद्ध, कलंकित, और शर्मिंदगी के रूप में देखा जाता है और इस विषय पर सार्वजनिक रूप से बात करने पर संकोच किया जाता है। प्रस्तुत शोध पत्र में किशोरियों के मासिक धर्म संबंधी जागरूकता एवं व्यवहार तथा किशोरियों द्वारा मासिक धर्म के दौरान अपनाई जाने वाली पारंपरिक मान्यताओं एवं प्रतिबंधों का उनकी शिक्षा तथा मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभाव का अध्ययन किया गया है। यह शोध राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, भवाली, जनपद नैनीताल (उत्तराखंड) की कक्षा 6 से 8 तक अध्ययनरत कुल 62 किशोरियों में से सरल यादृच्छिक प्रतिचयन की लॉटरी विधि द्वारा चयनित 31 (50 प्रतिशत) किशोरियों पर आधारित है। अध्ययन के निष्कर्षों से ज्ञात होता है कि किशोरियों में मासिक धर्म संबंधी स्वच्छता जागरूकता का स्तर संतोषजनक है, तथा किशोरियों को प्रथम मासिक धर्म से पहले रजोदर्शन की जानकारी थी, जानकारी का प्राथमिक मुख्य स्रोत उनकी माताएँ थीं, विद्यालय स्वास्थ्य शिक्षा एवं स्वच्छता कार्यक्रमों के बाद किशोरियों की मासिक धर्म संबंधी धारणाओं में परिवर्तन हुए हैं, परंतु किशोरियों द्वारा मासिक धर्म के दौरान मंदिर तथा धार्मिक स्थलों में न जाना यह दर्शाता है कि समाज में आज भी सामाजिक पारंपरिक मान्यताएँ एवं वर्जनाएँ विद्यमान हैं जिनका किशोरियों की शिक्षा एवं स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।

Keywordsमासिक धर्म, किशोरावस्था, मासिक धर्म स्वच्छता, विद्यालय, पारंपरिक मान्यताएँ।
Subject AreaSociology
Issue Volume 3, Issue 7 (July 2026)
Published2026/07/20
How to Cite सपना आर्या एवं प्रियंका नीरज रुवाली (2026). मासिक धर्म संबंधी जागरूकता एवं पारंपरिक मान्यताएँ: विद्यालय जाने वाली किशोरियों का एक अध्ययन. ShodhPatra: International Journal of Science and Humanities, 3(7), 44–53. https://doi.org/10.70558/spijsh.2026.v3.i7.45836
DOI 10.70558/SPIJSH.2026.v3.i7.45836
License
Copyright © 2026 The Author(s). This work is licensed under a Creative Commons Attribution 4.0 International License (CC BY 4.0).

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